World Day for Safety and Health at Work: कोरोना महामारी में जा रहे हैं ऑफिस? इन सेफ्टी टिप्स को अपनाते हुए करें काम
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World Day for Safety and Health at Work: कोरोना महामारी में जा रहे हैं ऑफिस? इन सेफ्टी टिप्स को अपनाते हुए करें काम

Safety Tips at Workplace During Corona: विश्व स्तर पर व्यावसायिक दुर्घटनाओं और बीमारियों की रोकथाम को बढ़ावा देने के लिए प्रत्येक साल आज (28 अप्रैल) के दिन ‘वर्ल्ड डे फॉर सेफ्टी एंड हेल्थ एट वर्क’ मनाया जाता है. इसका मतलब है कि हर ऑफिसेज या कार्यस्थल पर सभी कर्मचारियों की सुरक्षा और स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखा जाए, ताकि किसी को भी सेहत संबंधित हानि ना हो. सभी कर्मचारी, वर्कर्स अपना काम एक हेल्दी, सेफ और पॉजिटिव वातावरण में कर सकें. वर्क प्लेस पर किसी भी तरह की कोई दुर्घटना ना घटे, कोई इंफेक्शन, डिजीज का प्रसार ना हो, इसके लिए यह दिवस सेलिब्रेट किया जाता है. इन बातों से संबंधित लोगों में जागरूकता बढ़ाने के लिए कई तरह के प्रोग्राम, कैंपेन आयोजित होते हैं.

हालांकि, पिछले दो वर्षों में कोरोना संक्रमण के कारण अधिकतर ऑफिसेज को बंद करके वर्क फ्रॉम होम कल्चर की शुरुआत की गई, ताकि लोग वायरस से संक्रमित ना हों. स्वस्थ और सुरक्षित रहते हुए अपने घरों से काम करें. जब कोविड के मामले कम होने लगे तो काफी ऑफिसेज, स्कूल, कॉलेज आदि खोल भी दिए गए, लेकिन लोगों के मन में आज भी संक्रमित होने का डर है. ऑफिस तो जाना है, क्योंकि काम भी करना है, लेकिन दोबारा से कोरोना से संक्रमित नहीं होना चाहते हैं, तो कुछ सेफ्टी और हेल्दी टिप्स को हर दिन ऑफिस में जरूर फॉलो करें.

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कार्यस्थल सुरक्षा क्या है
कार्यस्थल पर सेफ्टी प्रोग्राम्स में साइट पर जोखिमों, चोट और बीमारी की दर को कम करने में मदद करने के लिए सभी प्रॉसेस, प्रोटोकॉल और मार्गदर्शन शामिल होते हैं. एक सुरक्षित कार्य वातावरण बनाने में मदद करने के लिए सभी कर्मचारियों को भी पूरी कोशिश करते रहना चाहिए. जब सभी एम्प्लॉई की तरफ से वर्कप्लेस सेफ्टी के प्रति समर्पण दिखता है, तो कई तरह के जोखिमों और खतरों की तुरंत पहचान की जा सकती है और सुधारात्मक कार्रवाई निर्धारित की जा सकती है.

ऑफिस में कोरोना से बचाव के टिप्स

  • यदि आप ऑफिस जाते हैं, तो ऑफिस में मास्क पहनकर ही रहें, बेशक आपके ऑफिस में हर कोई स्वस्थ हो, लेकिन कौन संक्रमित हो इसका पता जब तक चलेगा तब तक आप या कोई अन्य व्यक्ति संक्रमित हो जाएगा. ऑफिस में लोग ज्यादा हैं, तो एन95 मास्क ही पहनें हैं. जब कोई आपके आसपास बैठा दूसरा सहकर्मी खांसता या छींकता है, तो भी मास्क पहने रहें.
  • ऑफिस में डेस्क पर फोन, कंप्यूटर, माउस, कीबोर्ड, अपने आसपास की सभी चीजों को एक से दो बार सैनिटाइज जरूर करते रहें. कोई छींकता-खांसता है, तो भी तुरंत उस जगह को सैनिटाइज कर दें. वॉशरूम से वापस आते समय भी हाथ को साबुन या हैंड वॉश से जरूर साफ करें. बार-बार अपना चेहरा, मुंह, नाक छूने से बचें.
  • सोशल डिस्टेंसिंग मेंटेन करना बहुत जरूरी है. कोशिश करें एक से दो सीट छोड़कर बैठें. अगर आपका ऑफिस छोटा है, जहां सोशल डिस्टेंसिंग मेंटेन नहीं हो सकती तो इसके लिए सीनियर्स, एचआर से बात करें. हर दिन की बजाय ऑल्टरनेट डेज पर ऑफिस जाना एक बेहतर और हेल्दी विकल्प है.

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वर्कप्लेस सेफ होने के फायदे

  • लोगों के काम करने की दक्षता और उत्पादकता में वृद्धि होती है.
  • काम पर घायल हुए कर्मचारियों की संख्या में कमी आने से चोट, बीमारी की लागत एवं इंश्योरेंस बीमा दावों में कमी आती है.
  • कम बीमारी, चोट लगने, दुर्धटना न होने के कारण अधिक वर्कर्स को सुरक्षित रखा जा सकता है.
  • कर्मचारियों के मनोबल में वृद्धि होती है.
  • एक मजबूत, लचीला और सेफ वर्क कल्चर डेवलप होता है.
  • बेहतर सेफ्टी रिकॉर्ड.

(Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.)

Tags: Health, Health tips, Lifestyle

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